
टोरंटो। कैनेडा में प्रधानमंत्री मार्क कार्नी की लिबरल पार्टी ने सोमवार को हुए तीन विशेष उपचुनावों में शानदार जीत दर्ज की। इन नतीजों से संकेत मिला कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दबाव के सामने कैनेडा के हितों के लिए मजबूती से खड़े होने को लेकर मतदाताओं ने कार्नी का समर्थन किया है।
कैनेडा की मीडिया ने क्यूबेक के चिकोटीमी-ले फ्योर्ड, टोरंटो के बीचेज-ईस्ट यॉर्क और ब्रिटिश कोलंबिया के नॉर्थ वैंकूवर-कैपिलानो में लिबरल उम्मीदवारों की जीत का अनुमान जताया। इन तीन सीटों पर विशेष उपचुनाव इसलिए कराए गए क्योंकि इन सीटों का प्रतिनिधित्व करने वाले पूर्व सांसदों ने इस साल की शुरुआत में संसद से इस्तीफा दे दिया था।
कार्नी ने नतीजों को अपनी सरकार की नीतियों पर जनता की मुहर बताया। उन्होंने कहा कि मौजूदा महत्वपूर्ण दौर में मतदाताओं ने उनकी सरकार की योजनाओं पर भरोसा जताया है। क्यूबेक का नतीजा सबसे बड़ा राजनीतिक बदलाव रहा।
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लिबरल उम्मीदवार डेनियल गोबेइल ने उस सीट पर बड़ी जीत हासिल की, जिस पर 2018 से विपक्षी कंसरवेटिव पार्टी का कब्जा था। यह क्षेत्र एल्युमिनियम उत्पादकों, डेयरी फार्म और अन्य उद्योगों का केंद्र है, जो अमेरिका-कैनेडा के बढ़ते व्यापार युद्ध से प्रभावित हैं। अन्य दो सीटें पहले लिबरल पार्टी के पास थीं।
ब्रिटिश कोलंबिया में कार्नी के पूर्व डिप्टी चीफ ऑफ स्टाफ ब्रेडन कैली ने नॉर्थ वैंकूवर-कैपिलानो सीट जीती। अमेरिका-कनाडा व्यापार वार्ता 21 अगस्त को विफल हो गई थी। इसके बाद ट्रंप ने करीब 20 अरब डॉलर के कनाडाई सामान पर 50 प्रतिशत शुल्क लगा दिया। कैनेडा ने भी अमेरिकी उत्पादों पर शुल्क लगाने की योजना बनाई।
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ट्रंप ने कैनेडा को अमेरिका का 51वां राज्य बनाने की बात भी कई बार कही है। इसके जवाब में कार्नी यूरोप और अन्य देशों के साथ आर्थिक संबंध मजबूत करने की कोशिश तेज कर रहे हैं। इन तीन सीटों पर जीत के साथ लिबरल पार्टी के पास 343 सदस्यीय हाउस ऑफ कॉमन्स में 173 सीटें हो जाएंगी।
